हाल ही में, यूरोपीय संघ (ईयू) और उत्तरी अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) के सदस्य लिथुआनिया ने यूरोपीय संघ के प्रतिबंधों के अधीन रूसी माल को अपने क्षेत्र से रूसी एक्सक्लेव कैलिनिनग्राद तक जाने पर प्रतिबंध लगा दिया है।
यह रूस का एक एक्सक्लेव है, जो इसकी मुख्य भूमि से लगभग 300 किमी दूर बाल्टिक सागर के तट पर लिथुआनिया और पोलैंड के बीच स्थित है। रूस के बाल्टिक सागर बेड़े का मुख्यालय होने के साथ ही इसका एकमात्र बर्फ मुक्त यूरोपीय बंदरगाह है।
विदित है कि इस क्षेत्र में रूस ने अपनी कम दूरी की इस्कंदर मिसाइलों (Iskander missiles) को तैनात किया है, जिसे पश्चिमी देशों के लिए खतरा माना जा रहा है।
कैलिनिनग्राद और बेलारूस के बीच सम्पर्क हेतु लगभग 60 मील लंबा सुवाल्की गैप या गलियारा है, जो पोलैंड और लिथुआनिया की मुख्य भूमि पर स्थित है।
1945 में अमेरिका, ब्रिटेन और पूर्व सोवियत संघ द्वारा पॉट्सडैम समझौते (Potsdam Agreement) पर हस्ताक्षर किए गए थे, जिसमें कलिनिनग्राद को रूस को सौंप दिया गया था। उस समय कलिनिनग्राद को कोनिग्सबर्ग (Königsberg) के नाम से जाना जाता था।
