हाल ही में, राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने उत्तर प्रदेश के मगहर में ‘संत कबीर अकादमी और अनुसंधान केंद्र’ का उद्घाटन किया।

कबीर दास के बारे में

कवि-संत कबीर दास का जन्म 15 वीं शताब्दी के मध्य में काशी (वाराणसी, उत्तर प्रदेश) में हुआ था, इन्हें वैष्णव संत गुरु रामानंद का शिष्य माना जाता है। कबीर दास सल्तनत काल के शासक सिकंदर लोदी के समकालीन थे।

इनके जीवन के बारे में जानकारी के शुरुआती स्रोतों में बीजक और आदि ग्रंथ शामिल हैं। इसके अलावा, भक्त मल द्वारा रचित नाभाजी, मोहसिन फानी द्वारा रचित दबिस्तान-ए-तवारीख और खजीनात अल-असफिया से कबीर के बारे में जानकारी मिलती है।

17वीं शताब्दी में रचित ‘बीजक’ ग्रंथ में कबीर से संबंधित कार्य एवं उपदेशों का उल्लेख है। संत कबीर के कई छंद और गीत ‘गुरु ग्रंथ साहिब’ में भी सम्मिलित हैं।

भक्ति आंदोलन में कबीर दास

कबीर भक्ति आंदोलन की निर्गुण विचारधारा के एक प्रमुख संत थे जिसमें ईश्वर को सार्वभौमिक और निराकार माना जाता है। कबीर ने हिंदू एवं इस्लाम दोनों धर्मों के अनुष्ठानों और प्रथाओं की आलोचना की।

By QuizHat

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