हाल ही में, ब्रिटेन स्थित बाथ विश्वविद्यालय, के शोधकर्ताओं ने पराबैंगनी(UV) विकिरणों के माध्यम से प्लास्टिक को तेजी से निम्नीकृत करने की एक विधि विकसित की है।
शोधकर्ताओ ने पाया कि पॉली लैक्टिक एसिड (PLA) में चीनी की कुछ मात्रा मिला देने के बाद पराबैंगनी विकिरणों के जरिये निम्नीकरण की दर में वृद्धि की जा सकती है।
पी.एल.ए. एक प्रकार का प्लास्टिक है जो कच्चे तेल से बने पॉलिमर से निर्मित होता है और परम्परागत प्लास्टिक का नवीकरणीय और टिकाऊ विकल्प उपलब्ध कराता है।
शोधकर्ताओ की विधि, प्लास्टिक की बड़ी बहुलक श्रृंखलाओं को तोड़कर छोटा एवं कमजोर कर देती है जिससे यह हाइड्रोलिसिस के प्रति अधिक संवेदनशील हो जाती है और प्लास्टिक प्राकृतिक वातावरण में और अधिक बायोडिग्रेडेबल हो जाता है।
हालांकि पी.एल.ए. का कई बार बायोडिग्रेडेबल के रूप में प्रचार किया जाता है, लेकिन यह केवल उच्च तापमान और आर्द्रता की औद्योगिक कंपोस्टिंग तकनीकों के द्वारा ही उपचारित किया जा सकता है।
यह प्राकृतिक वातावरण जैसे मिट्टी या समुद्र में आसानी से नष्ट नहीं होता है और घरेलू कूड़े के ढेर में यह वर्षों तक बना रहता है।

