चर्चा में क्यों: भारतीय नौसेना के लिये चार सर्वेक्षण पोतों (लार्ज) का निर्माण किया जा रहा है, जिसमें से पहला सर्वेक्षण पोत ‘संध्याक’ हाल ही में कोलकाता में लॉन्च किया गया है।
इस पोत को रक्षा क्षेत्र में सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम गार्डन रीच शिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स (जीआरएसई) लिमिटेड द्वारा डिजाइन और विकसित किया गया है।
नौसेना के सबसे पुराने हाइड्रोग्राफिक सर्वेक्षण पोत के नाम पर इसका नाम भी ‘संध्याक’ रखा गया है, जिसे 40 साल तक देश की सेवा करने के बाद इस साल जून में सेवा से हटा दिया गया था
यह सर्वेक्षण पोत हाइड्रोग्राफिक सर्वेक्षण करने के साथ ही समुद्री सीमाओं का सर्वेक्षण करने और रक्षा अनुप्रयोगों के लिये समुद्र संबंधी एवं भौगोलिक आँकड़ों के संग्रह में भी सक्षम है।
यह आपात स्थिति में अस्पताल के रूप में सेवा प्रदान कर सकेगा। इसके अलावा, यह खोजबीन, बचाव तथा आपदा राहत जैसी भूमिका को निभाने में भी सहायक होगा।

